रांची, 19 अगस्त: झारखंड में छात्र आंदोलन के बीच मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की सरकार द्वारा जेएसएससी-सीजीएल समेत टीडीपीएल के माध्यम से आयोजित सभी परीक्षाओं, उनके परिणामों और चयन प्रक्रियाओं को रद्द करने के फैसले का कांग्रेस ने स्वागत किया है। कांग्रेस नेताओं ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के प्रति आभार जताते हुए इसे छात्र हित में महत्वपूर्ण निर्णय बताया।
झारखंड प्रदेश कांग्रेस प्रभारी के. राजू, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष केशव महतो कमलेश, कांग्रेस के मंत्री और विधायक सोमवार को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मिले। इस दौरान नेताओं ने 17 अगस्त को राज्य सरकार की विशेष कैबिनेट बैठक में छात्र हित में लिए गए फैसलों का स्वागत किया और मुख्यमंत्री के प्रति धन्यवाद एवं आभार प्रकट किया।
सरकार के फैसले के तहत टीडीपीएल के माध्यम से वर्ष 2014 से अब तक आयोजित परीक्षाओं की प्रक्रिया की समीक्षा और जांच का रास्ता भी साफ हुआ है। जेएसएससी-सीजीएल परीक्षा रद्द करने के साथ भर्ती प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं की जांच कराने की बात कही गई है। मुख्यमंत्री ने परीक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता और सुधार की आवश्यकता पर भी जोर दिया है।
यह फैसला करीब 24 दिनों से चल रहे छात्र आंदोलन के बाद आया। लंबे समय से आंदोलनरत अभ्यर्थी परीक्षा में कथित गड़बड़ियों की जांच और परीक्षा रद्द करने की मांग कर रहे थे। सरकार के निर्णय के बाद आंदोलनकारी छात्रों में खुशी देखी गई और कई अनशनरत छात्र नेताओं ने अपना अनशन समाप्त किया।
कांग्रेस ने कहा कि युवाओं के भविष्य और प्रतियोगी परीक्षाओं की विश्वसनीयता को लेकर सरकार का यह कदम महत्वपूर्ण है। पार्टी नेताओं ने उम्मीद जताई कि आगे होने वाली भर्ती परीक्षाओं में पारदर्शी और निष्पक्ष व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी।