कोलकाता, 27 अप्रैल: पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कोलकाता के कैमक स्ट्रीट स्थित बर्धन मार्केट इलाके में चुनावी रैली के दौरान गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि चुनावी माहौल में असामाजिक तत्व सक्रिय हैं और उनके साथ छेड़छाड़ की घटना भी सामने आई है।
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में भारतीय जनता पार्टी और केंद्रीय एजेंसियों पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि चुनाव के बाद हालात और बिगड़ सकते हैं। उन्होंने आशंका जताई कि:
• भाजपा “बदमाशों” और केंद्रीय बलों का इस्तेमाल कर सकती है।
• चुनाव खत्म होने के बाद ईवीएम पर कब्जा करने की कोशिश की जा सकती है।
• कुछ जगहों पर बिजली कटौती कर स्ट्रॉन्ग रूम को निशाना बनाने की साजिश हो सकती है।
उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्रीय बलों की मौजूदगी का दुरुपयोग किया जा रहा है और “गुंडागर्दी” के जरिए चुनाव प्रभावित करने की कोशिश हो रही है।
• ईवीएम सुरक्षा को लेकर जताई चिंता
• ममता बनर्जी ने दावा किया कि उन्हें ऐसी जानकारी मिली है कि कुछ घटनाओं में:
• अपराधियों को छिपाकर मतदान केंद्रों तक ले जाया गया
• ईवीएम मशीनों को कब्जे में लेने की कोशिश की गई
• बिजली काटकर गड़बड़ी करने की योजना बनाई गई
उन्होंने कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे मतदान खत्म होने के बाद भी स्ट्रॉन्ग रूम और ईवीएम की सुरक्षा पर नजर रखें।
पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव के दौरान राजनीतिक माहौल काफी तनावपूर्ण बना हुआ है। हाल के दिनों में विभिन्न जगहों पर टीएमसी और भाजपा कार्यकर्ताओं के बीच झड़पें हुई हैं। चुनाव प्रचार के दौरान आरोप-प्रत्यारोप तेज हो गए हैं। भाजपा ने भी ममता बनर्जी के बयानों को लेकर चुनाव आयोग में शिकायत दर्ज कराई है। भाजपा और अन्य विपक्षी दलों ने ममता बनर्जी के आरोपों को खारिज करते हुए इसे चुनावी रणनीति बताया है। उनका कहना है कि केंद्रीय बल निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करने के लिए तैनात किए गए हैं।