रामगढ़, 23 अप्रैल: रजरप्पा मंदिर परिसर के प्रस्तावित पुनर्विकास को लेकर बुधवार को समाहरणालय सभाकक्ष में उपायुक्त श्री ऋतुराज की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में निर्माण कार्यों की प्रगति, आवश्यक तैयारियों एवं विभिन्न विभागों के समन्वय को लेकर विस्तृत समीक्षा की गई।
इस दौरान झारखंड उच्च न्यायालय, रांची द्वारा पारित आदेशों के अनुपालन के आलोक में कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर चर्चा हुई। उपायुक्त ने सभी संबंधित विभागों के पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि पुनर्विकास कार्य को प्राथमिकता देते हुए निर्धारित समयसीमा के भीतर सभी प्रक्रियाएं पूरी की जाएं।
बैठक में भूमि उपलब्धता, अवसंरचना विकास, यातायात प्रबंधन, पर्यटक सुविधाओं के विस्तार, स्वच्छता, सुरक्षा व्यवस्था तथा पर्यावरण संतुलन जैसे मुद्दों पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया। उपायुक्त ने कहा कि राजरप्पा मंदिर आस्था के साथ-साथ पर्यटन का भी प्रमुख केंद्र है, इसलिए इसके सुनियोजित विकास की आवश्यकता है।
उन्होंने वन विभाग, पुलिस प्रशासन एवं अन्य एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर कार्यों में तेजी लाने पर जोर दिया। साथ ही अधिकारियों को स्थल निरीक्षण कर व्यवहारिक कार्ययोजना तैयार करने का निर्देश दिया।
बैठक में उप विकास आयुक्त, अपर समाहर्ता, अनुमंडल पदाधिकारी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।