रामगढ़, 02 मई: राधा गोविन्द विश्वविद्यालय के फैकल्टी ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी द्वारा “एडिटिव मैन्युफैक्चरिंग (3D प्रिंटिंग)” विषय पर दो दिवसीय हैंड्स-ऑन कार्यशाला का शुभारंभ किया गया। इस कार्यशाला का उद्देश्य विद्यार्थियों को आधुनिक निर्माण तकनीकों, 3D मॉडलिंग, प्रोटोटाइप विकास और स्टार्टअप की संभावनाओं से अवगत कराना है।
कार्यशाला के पहले दिन उद्घाटन सत्र के साथ विशेषज्ञ व्याख्यान आयोजित किया गया। इस दौरान बीआईटी मेसरा, रांची के प्रो. (डॉ.) कौशिक कुमार एवं एनआईटी राउरकेला के डॉ. चिकेश रंजन ने विषय विशेषज्ञ के रूप में एडिटिव मैन्युफैक्चरिंग के मूल सिद्धांतों और औद्योगिक उपयोगिता पर विस्तार से प्रकाश डाला। इसके बाद 3D मॉडलिंग सत्र में प्रतिभागियों को कंप्यूटर एडेड डिज़ाइन (CAD) टूल्स की जानकारी देते हुए व्यावहारिक प्रशिक्षण प्रदान किया गया।
विश्वविद्यालय के कुलाधिपति बी.एन. साह ने कहा कि वर्तमान समय तकनीकी नवाचार का है और 3D प्रिंटिंग जैसी उभरती तकनीकें उद्योगों के भविष्य को नई दिशा दे रही हैं। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की कार्यशालाएं छात्रों को आत्मनिर्भर बनने और स्वरोजगार के अवसरों को समझने में मददगार साबित होती हैं।
कुलपति प्रो. (डॉ.) रश्मि ने कहा कि ऐसे व्यावहारिक प्रशिक्षण कार्यक्रम विद्यार्थियों को वैश्विक तकनीकी बदलावों से जोड़ते हैं। वहीं कुलसचिव प्रो. (डॉ.) निर्मल कुमार मंडल ने कहा कि तकनीकी कार्यशालाएं छात्रों के व्यावहारिक ज्ञान को सुदृढ़ कर उन्हें उद्योग की आवश्यकताओं के अनुरूप तैयार करती हैं।
इस अवसर पर सचिव प्रियंका कुमारी, वित्त एवं लेखा पदाधिकारी डॉ. संजय कुमार, परीक्षा नियंत्रक प्रो. (डॉ.) अशोक कुमार, प्रबंध समिति सदस्य अजय कुमार सहित संकाय के शिक्षकगण एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।