रांची, 02 मई: झारखंड में भारत की जनगणना-2027 के तहत स्व-गणना प्रक्रिया की औपचारिक शुरुआत हो गई है। राज्यपाल संतोष गंगवार ने इस महत्वपूर्ण पहल का शुभारंभ करते हुए नागरिकों से इसमें बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील की। उन्होंने कहा कि जनगणना देश की विकास योजनाओं का आधार होती है और इससे प्राप्त आंकड़े सरकार की नीतियों को दिशा देने में अहम भूमिका निभाते हैं।
स्व-गणना प्रक्रिया के तहत नागरिक अब डिजिटल माध्यम से स्वयं अपनी और अपने परिवार की जानकारी दर्ज कर सकेंगे। इसके लिए केंद्र सरकार द्वारा विशेष ऑनलाइन पोर्टल और मोबाइल एप की सुविधा उपलब्ध कराई गई है, जिससे प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और सुगम बनेगी। अधिकारियों के अनुसार, इससे जनगणना कार्य में तेजी आएगी और त्रुटियों की संभावना भी कम होगी।
राज्यपाल ने कहा कि डिजिटल इंडिया के इस दौर में जनगणना का यह आधुनिक स्वरूप समय की मांग है। उन्होंने आम लोगों से अपील की कि वे सही और सटीक जानकारी उपलब्ध कराएं, ताकि राज्य और देश के विकास के लिए बेहतर योजनाएं बनाई जा सकें।
प्रशासन की ओर से बताया गया कि स्व-गणना के बाद पारंपरिक तरीके से गणनाकार घर-घर जाकर भी जानकारी का सत्यापन करेंगे। इसके लिए राज्यभर में व्यापक तैयारी की गई है और अधिकारियों को विशेष प्रशिक्षण दिया गया है।
उल्लेखनीय है कि Census of India 2027 के तहत पहली बार बड़े स्तर पर डिजिटल स्व-गणना की सुविधा दी जा रही है, जिससे प्रक्रिया को अधिक प्रभावी और आधुनिक बनाने का प्रयास किया जा रहा है।