रामगढ़, 16 सितंबर: जिले के सरकारी माध्यमिक एवं प्लस-2 विद्यालयों में शैक्षणिक गुणवत्ता और व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने को लेकर मंगलवार को समाहरणालय सभागार में उपायुक्त ऋतुराज की अध्यक्षता में प्रधानाध्यापकों के साथ समीक्षा बैठक हुई। बैठक में प्रोजेक्ट रेल, आकलन परीक्षा, मैट्रिक एवं इंटरमीडिएट परीक्षा 2027 की तैयारियों समेत विद्यालयों की शैक्षणिक, प्रशासनिक एवं आधारभूत व्यवस्थाओं की बिंदुवार समीक्षा की गई।
उपायुक्त ने प्रोजेक्ट रेल एवं आकलन परीक्षा की प्रगति की जानकारी लेते हुए विद्यार्थियों के शैक्षणिक प्रदर्शन में सुधार के लिए आवश्यक कदम उठाने का निर्देश दिया। मैट्रिक एवं इंटर परीक्षा 2027 को लेकर विद्यालय स्तर पर चल रही तैयारियों की समीक्षा करते हुए सभी आवश्यक कार्य समयबद्ध तरीके से पूरा करने को कहा।
बैठक में विद्यालयों में उपलब्ध आधारभूत सुविधाओं, निर्माण एवं रख-रखाव के कार्यों की भी जानकारी ली गई। विद्यालयों में स्वच्छ, सुरक्षित और विद्यार्थियों के अनुकूल वातावरण सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया। इसके अलावा एमडीएम, पाठ्य योजना, विद्यालय रूटीन, पुस्तकालय, साफ-सफाई, शौचालय, स्टॉक पंजी और विज्ञान प्रयोगशाला समेत अन्य व्यवस्थाओं के नियमित संचालन की समीक्षा की गई।
छात्र कल्याण योजनाओं के तहत छात्र कोष एवं विकास कोष, आईएफए व एल्बेंडाजोल वितरण, छात्रवृत्ति, सावित्रीबाई फुले किशोरी समृद्धि योजना, पेयजल और विद्युत सुविधा की स्थिति की भी जानकारी ली गई। पात्र विद्यार्थियों को योजनाओं का लाभ समय पर उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया।
बैठक में FiLo कार्यक्रम के क्रियान्वयन तथा आवश्यक अभिलेखों के संधारण की भी समीक्षा हुई। साथ ही शिक्षा विभाग की राज्य स्तरीय मासिक KPMG रिपोर्ट में रामगढ़ के प्रदर्शन को बेहतर करने के लिए निर्धारित संकेतकों पर विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया गया।
उपायुक्त ने कहा कि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, बेहतर आधारभूत सुविधाएं और विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास को प्राथमिकता देते हुए सभी योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए। लंबित कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने के साथ आगामी परीक्षाओं की तैयारी समय पर पूरी की जाए।
बैठक में विकास आयुक्त आशीष अग्रवाल, जिला शिक्षा पदाधिकारी अभय कुमार शील, जिला शिक्षा अधीक्षक खुशबू कुमारी, डीएमएफटी टीम, कनीय अभियंता तथा जिले के सभी सरकारी माध्यमिक एवं प्लस-2 विद्यालयों के प्रधानाध्यापक उपस्थित थे।