रामगढ़, 29 अगस्त: राधा गोविन्द विश्वविद्यालय के शिक्षा विभाग की ओर से भारतीय लोक-संस्कृति, परंपरा और सावन की हरियाली से विद्यार्थियों को जोड़ने के उद्देश्य से सावन महोत्सव का आयोजन उत्साहपूर्वक किया गया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने विभिन्न प्रतियोगिताओं में भाग लेकर अपनी रचनात्मकता और कलात्मक प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
महोत्सव के दौरान राखी मेकिंग, थाली सज्जा, मेहंदी तथा पारंपरिक खाद्य सामग्री एवं व्यंजन प्रतियोगिता आयोजित की गई। विद्यार्थियों ने आकर्षक राखियां, सजी हुई थालियां और मनमोहक मेहंदी डिजाइनों के माध्यम से अपनी प्रतिभा दिखाई। वहीं, पारंपरिक व्यंजनों की विविधता ने भारतीय खान-पान और लोक परंपराओं की समृद्ध विरासत को भी प्रदर्शित किया। आयोजन के दौरान पूरे परिसर में सावन के उल्लास और उमंग का माहौल बना रहा।
विश्वविद्यालय की सचिव प्रियंका कुमारी ने कहा कि सावन महोत्सव प्रेम, संस्कार और सामाजिक एकता का प्रतीक है। ऐसे आयोजन विद्यार्थियों को अपनी संस्कृति और परंपराओं से जोड़ने के साथ उनमें सामाजिक समरसता की भावना भी विकसित करते हैं।
विश्वविद्यालय के कुलाधिपति बीएन साह ने सभी को सावन महोत्सव की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि सावन का पावन पर्व सभी के जीवन में सुख, शांति, प्रेम और समृद्धि लेकर आए।
कुलपति प्रो. (डॉ.) रश्मि ने कहा कि सावन महोत्सव जैसे आयोजन विद्यार्थियों को भारतीय संस्कृति, लोक परंपराओं और सामाजिक मूल्यों से जोड़ने का सशक्त माध्यम हैं। वहीं, कुलसचिव प्रो. (डॉ.) निर्मल कुमार मंडल ने कहा कि भारतीय संस्कृति की विशेषता उसकी विविधता और जीवंत परंपराओं में निहित है। सावन महोत्सव सांस्कृतिक विरासत को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का सुंदर प्रयास है।
कार्यक्रम में वित्त एवं लेखा पदाधिकारी डॉ. संजय कुमार, परीक्षा नियंत्रक प्रो. (डॉ.) अशोक कुमार, प्रबंध समिति सदस्य अजय कुमार, शिक्षा विभाग के शिक्षकगण एवं बड़ी संख्या में विद्यार्थियों की सक्रिय सहभागिता रही।