रांची, 18 अगस्त: झारखंड में जेपीएससी और जेएसएससी की परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं तथा छात्रों की विभिन्न मांगों को लेकर चल रहे आंदोलन के बीच राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है। सोमवार को भाजपा प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू, नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी और प्रदेश संगठन महामंत्री कर्मवीर सिंह ने लोकभवन में राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार से मुलाकात की। भाजपा नेताओं ने राज्यपाल को छात्र आंदोलन से जुड़े घटनाक्रम और छात्रों की मांगों की जानकारी दी तथा मामले में हस्तक्षेप का आग्रह किया।
भाजपा नेताओं ने राज्यपाल के समक्ष छात्रों की समस्याओं को गंभीरता से उठाते हुए कहा कि परीक्षा और नियुक्ति प्रक्रिया को लेकर युवाओं में असंतोष बढ़ रहा है। उनका कहना है कि छात्रों की शिकायतों का पारदर्शी तरीके से समाधान किया जाना चाहिए और सरकार को आंदोलनकारी छात्रों के साथ सकारात्मक संवाद करना चाहिए।
यह मुलाकात ऐसे समय हुई है जब जेपीएससी-जेएसएससी से जुड़े मुद्दों को लेकर छात्रों का आंदोलन लगातार जारी है। आंदोलनकारी छात्र कथित परीक्षा अनियमितताओं और भर्ती प्रक्रिया से जुड़े मामलों की निष्पक्ष जांच समेत विभिन्न मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं। पिछले दिनों भाजपा नेता बाबूलाल मरांडी ने भी प्रशासन पर आंदोलनकारियों को हटाने के लिए दबाव बनाने का आरोप लगाया था, हालांकि प्रशासन ने इन आरोपों को खारिज किया था।
वहीं, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने सरकार पर छात्रों की मांगों को गंभीरता से नहीं लेने का आरोप लगाते हुए पहले भी सवाल उठाए हैं। उन्होंने कथित अनियमितताओं की जांच को लेकर सीबीआई जांच की मांग का मुद्दा भी उठाया है।
इधर, आंदोलन के बीच सरकार की ओर से भी छात्रों से बातचीत की पहल की जा रही है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने छात्रों से वार्ता के लिए चार मंत्रियों की कमेटी गठित की थी। सोमवार को भी सरकार और आंदोलनकारी छात्रों के बीच बातचीत की कोशिशों को लेकर गतिविधियां जारी रहीं।
राज्यपाल से भाजपा नेताओं की मुलाकात के बाद अब छात्र आंदोलन के मुद्दे पर सरकार और विपक्ष के बीच राजनीतिक दबाव और बढ़ने की संभावना है। भाजपा ने राज्यपाल से छात्रों की समस्याओं पर संवैधानिक स्तर पर संज्ञान लेने और मामले के समाधान की दिशा में हस्तक्षेप करने का आग्रह किया है।