नई दिल्ली 18 जुलाई: सामाजिक कार्यकर्ता और इंजीनियर सोनम वांगचुक को शनिवार सुबह दिल्ली पुलिस ने जंतर-मंतर स्थित अनशन स्थल से हटाकर सफदरजंग अस्पताल में भर्ती कराया। पुलिस का कहना है कि उनकी लगातार बिगड़ती स्वास्थ्य स्थिति, विशेषज्ञ डॉक्टरों की सलाह और दिल्ली हाईकोर्ट के निर्देशों के अनुपालन में यह कार्रवाई की गई।
सोनम वांगचुक 28 जून से आमरण अनशन पर बैठे थे। लंबे समय तक भोजन न करने के कारण उनका स्वास्थ्य काफी कमजोर हो गया था और उनका वजन भी तेजी से घटा था। शनिवार सुबह पुलिस और चिकित्सा दल जंतर-मंतर पहुंचे और उन्हें एंबुलेंस से सफदरजंग अस्पताल ले गए। अस्पताल सूत्रों के अनुसार उनकी हालत स्थिर है, लेकिन उन्हें लगातार चिकित्सकीय निगरानी में रखा गया है।
वहीं, वांगचुक के समर्थकों और आंदोलन से जुड़े लोगों ने आरोप लगाया कि पुलिस उन्हें जबरन अस्पताल ले गई और कार्रवाई के दौरान प्रदर्शनकारियों को हटाया गया। कुछ समर्थकों ने पुलिस पर बल प्रयोग के भी आरोप लगाए। दूसरी ओर, दिल्ली पुलिस ने इन आरोपों से इनकार करते हुए कहा कि पूरी कार्रवाई शांतिपूर्ण ढंग से की गई और किसी प्रकार का लाठीचार्ज नहीं हुआ।
दिल्ली हाईकोर्ट ने हाल ही में प्रशासन को निर्देश दिया था कि यदि डॉक्टर आवश्यक समझें तो सोनम वांगचुक को तत्काल चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाए। इसी निर्देश के आधार पर पुलिस ने उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया।