रांची, 30 अप्रैल: यूनिवर्सिटी ग्रांट्स कमीशन ने झारखंड की राजधानी रांची में स्थित दक्ष यूनिवर्सिटी को फर्जी और अवैध घोषित कर दिया है। यूजीसी की फरवरी 2026 में जारी फर्जी विश्वविद्यालयों की सूची में इस संस्थान को शामिल किया गया है।
UGC के अनुसार, भास्कर पथ, न्यू पुंदाग, मसिबाड़ी, रांची-834007 स्थित यह संस्थान UGC अधिनियम 1956 की धारा 2(f) और धारा 3 के तहत मान्यता प्राप्त नहीं है। इसलिए यह किसी भी प्रकार की डिग्री या डिप्लोमा जारी करने का अधिकार नहीं रखता। इसकी कोई भी डिग्री उच्च शिक्षा, सरकारी नौकरियों या अन्य आधिकारिक प्रयोजनों के लिए मान्य नहीं होगी।
जांच में चौंकाने वाली बात सामने आई कि दिए गए पते पर कोई वास्तविक विश्वविद्यालय या कैंपस मौजूद नहीं है। स्थानीय लोगों ने भी ऐसे किसी संस्थान के अस्तित्व से इनकार कर दिया। लगता है कि यह संस्थान केवल कागजों पर चल रहा था।
UGC ने छात्रों, अभिभावकों और आम जनता को चेतावनी जारी की है कि वे इस तरह के सेल्फ-स्टाइल्ड संस्थानों में दाखिला न लें। आयोग ने झारखंड सरकार को भी इस मामले में उचित कार्रवाई करने के लिए पत्र लिखा है।
शिक्षाविदों का कहना है कि फर्जी विश्वविद्यालयों का बढ़ता मामला उच्च शिक्षा की गुणवत्ता और छात्रों के भविष्य के लिए गंभीर खतरा है। झारखंड में पहले से ही उच्च शिक्षा की चुनौतियां काफी हैं, ऐसे में छात्रों को हमेशा UGC की आधिकारिक वेबसाइट पर मान्यता प्राप्त संस्थानों की सूची जांच लेनी चाहिए।
UGC की सलाह:
• हमेशा UGC मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालयों में ही दाखिला लें।
• किसी भी संदिग्ध संस्थान की डिग्री की वैधता पहले से जांच लें।
यह खुलासा छात्रों को धोखाधड़ी से बचाने और शिक्षा क्षेत्र में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।