रामगढ़, 17 मार्च: रामगढ़ जिले में श्रम नियोजन, प्रशिक्षण एवं कौशल विकास विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं और कार्यों की समीक्षा सोमवार को उपायुक्त फैज अक अहमद मुमताज की अध्यक्षता में उनके कार्यालय कक्ष में की गई। बैठक में श्रम अधीक्षक अनिल कुमार रंजन ने विभागीय गतिविधियों की विस्तृत जानकारी दी।
श्रम अधीक्षक ने बताया कि अब तक जिले में कुल 17 ईंट भट्टों पर छापेमारी की जा चुकी है, जहां बाल श्रम की रोकथाम तथा मजदूरों के उचित पारिश्रमिक भुगतान की जांच की गई। उपायुक्त ने शेष बचे ईंट भट्टों पर भी तत्काल छापेमारी कराने तथा श्रम कानूनों का सख्ती से अनुपालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने बाल श्रम को जड़ से समाप्त करने पर विशेष जोर दिया।
बैठक में झारखंड असंगठित कर्मकार मृत्यु/दुर्घटना सहायता योजना, मातृत्व प्रसव सुविधा योजना, अंत्येष्टि सहायता योजना, मुख्यमंत्री असंगठित श्रमिक औजार सहायता योजना, विवाह सहायता योजना तथा निर्माण श्रमिक सेफ्टी किट योजना सहित अन्य कल्याणकारी योजनाओं के तहत लाभार्थियों को मिल रहे लाभों की जानकारी दी गई। उपायुक्त ने इन योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार करने तथा योग्य लाभुकों की पहचान कर उन्हें शीघ्र लाभान्वित करने के निर्देश दिए।
कौशल विकास के क्षेत्र में उपायुक्त ने ट्रांसजेंडर समुदाय के सदस्यों को विभिन्न कौशल प्रशिक्षण योजनाओं से जोड़ने पर बल दिया। साथ ही जिले में संचालित सभी कौशल प्रशिक्षण केंद्रों का विस्तृत प्रतिवेदन तैयार कर उपलब्ध कराने का निर्देश दिया।
बैठक में श्रम अधीक्षक अनिल कुमार रंजन के अलावा श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी पतरातू चंदन कुमार राम तथा स्किल डेवलपमेंट से यूएनडीपी के कुलदीप कुमार सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे। उपायुक्त ने विभागीय अधिकारियों को कई अन्य महत्वपूर्ण मुद्दों पर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।