पटना, 8 मार्च 2026: बिहार की राजनीति में आज एक ऐतिहासिक और भावुक क्षण होने जा रहा है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के इकलौते बेटे निशांत कुमार आज दोपहर जनता दल (यूनाइटेड) में औपचारिक रूप से शामिल हो रहे हैं। पार्टी के प्रदेश कार्यालय में आयोजित विशेष कार्यक्रम में हजारों कार्यकर्ताओं की मौजूदगी में निशांत की सदस्यता ग्रहण की जाएगी। सूत्रों के अनुसार, कार्यक्रम दोपहर 1 बजे शुरू होगा, जिसमें जद(यू) के वरिष्ठ नेता संजय झा, ललन सिंह, नीरज कुमार सहित अन्य प्रमुख मौजूद रहेंगे।
जद(यू) के राष्ट्रीय महासचिव मनिश कुमार वर्मा ने एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा, “आज प्रदेश कार्यालय में हजारों कार्यकर्ताओं की उपस्थिति में भाई निशांत कुमार का सक्रिय राजनीति में प्रवेश जद(यू) परिवार के लिए भावनात्मक और प्रेरणादायी क्षण है। उनकी सादगी, विनम्रता और शांत व्यक्तित्व संगठन को नई ऊर्जा देगा।”
पार्टी कार्यालय के बाहर लगे पोस्टरों पर निशांत का स्वागत करते हुए लिखा गया है:
• “विकसित बिहार के नए अध्याय की शुरुआत निशांत”
• “बिहार की कमान, युवा सोच की उड़ान”
• “निशांत के साथ, विकास का नया शंखनाद”
जानकारी के अनुसार, जद(यू) में शामिल होने के तुरंत बाद निशांत कुमार पूरे बिहार की यात्रा पर निकलेंगे। इस यात्रा की शुरुआत चंपारण से होने की संभावना है, जहां वे कार्यकर्ताओं से मिलेंगे, जनसंपर्क बढ़ाएंगे और पार्टी को जमीनी स्तर पर मजबूत करने का अभियान चलाएंगे। पार्टी सूत्रों का कहना है कि यह कदम जद(यू) के लिए “मास्टरस्ट्रोक” साबित हो सकता है, खासकर नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने के फैसले के बाद।
नीतीश कुमार ने पार्टी की हालिया बैठक में स्पष्ट किया था कि वे राज्यसभा जाएंगे, लेकिन पार्टी और सरकार पर नजर बनाए रखेंगे। विधायकों की मांग पर निशांत को राजनीति में लाने का फैसला लिया गया। कुछ नेताओं ने अटकलें लगाई हैं कि निशांत को जल्द ही बड़ी जिम्मेदारी, जैसे उपमुख्यमंत्री पद या पार्टी की कमान सौंपी जा सकती है, हालांकि अभी आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है।
यह घटनाक्रम बिहार की सियासत में पीढ़ीगत बदलाव का संकेत दे रहा है, जहां लंबे समय से वंशवाद के विरोधी रहे नीतीश कुमार अब अपने बेटे को आगे ला रहे हैं। विपक्षी दल इसे परिवारवाद पर यू-टर्न करार दे रहे हैं, जबकि जद(यू) इसे युवा ऊर्जा और निरंतरता का प्रतीक बता रही है।
कार्यक्रम की लाइव तस्वीरें और बयान आने वाले घंटों में उपलब्ध होंगे। बिहार की राजनीति में आज का दिन यादगार बनने जा रहा है।