रिपोर्ट: संतोष कुमार (@santoshrmg)
नई दिल्ली 11 दिसंबर: केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड ने 2026 की कक्षा 10वीं बोर्ड परीक्षा के लिए साइंस और सोशल साइंस विषयों का फॉर्मेट पूरी तरह बदल दिया है। अब ये दोनों प्रश्न-पत्र अलग-अलग सेक्शन में बँटे होंगे और छात्रों को उत्तर-पुस्तिका में भी ठीक वही सेक्शन बनाकर जवाब लिखना अनिवार्य होगा। अगर कोई छात्र गलत सेक्शन में उत्तर लिखता है, तो सही जवाब होने के बावजूद उसे शून्य अंक मिलेंगे।
नया सेक्शन विभाजन:
विज्ञान (Science):
सेक्शन A – जीव विज्ञान (Biology)
सेक्शन B – रसायन विज्ञान (Chemistry)
सेक्शन C – भौतिक विज्ञान (Physics)
सामाजिक विज्ञान (Social Science):
सेक्शन A – इतिहास
सेक्शन B – भूगोल
सेक्शन C – राजनीति विज्ञान
सेक्शन D – अर्थशास्त्र
CBSE का कहना है कि इस बदलाव से मूल्यांकन में भ्रम नहीं होगा और कॉपियाँ तेजी से जाँची जा सकेंगी। गलत जगह लिखे उत्तरों का मूल्यांकन ही नहीं किया जाएगा, चाहे वे कितने भी सही क्यों न हों। री-वैल्यूएशन या वेरिफिकेशन के दौरान भी इस गलती को सुधारा नहीं जाएगा।
बोर्ड ने स्कूलों को निर्देश दिए हैं कि प्री-बोर्ड और मासिक टेस्ट में इसी फॉर्मेट का अभ्यास कराया जाए। नवीनतम सैंपल पेपर CBSE की वेबसाइट cbseacademic.nic.in पर उपलब्ध हैं।
यह बदलाव केवल साइंस और सोशल साइंस पर लागू है; अन्य विषयों का पैटर्न पहले जैसा रहेगा। छात्रों से अपील है कि वे अभी से सेक्शन-वाइज उत्तर लेखन की प्रैक्टिस शुरू कर दें, ताकि बोर्ड परीक्षा में एक भी अंक अनावश्यक रूप से न कटे।