रांची, 05 अप्रैल: भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने झारखंड के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी कर दिया है। सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से 5 से 7 अप्रैल तक राज्य के कई जिलों में गरज-चमक के साथ तेज आंधी, बिजली गिरने और ओलावृष्टि की प्रबल संभावना है। हवाओं की रफ्तार 30-50 किमी/घंटा तक रहने के साथ झोंकों में 50-60 किमी/घंटा तक पहुंच सकती है।
IMD की प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, इस दौरान राज्य के उत्तर-पश्चिमी, मध्य और पूर्वी हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश के साथ थंडरस्टॉर्म की गतिविधियां देखने को मिलेंगी। कुछ स्थानों पर ओलावृष्टि भी हो सकती है, जिससे खड़ी फसलें, बागान और फलों को नुकसान पहुंचने की आशंका है।
प्रभावित जिलों में रांची, गढ़वा, पलामू, चतरा, लातेहार, लोहरदगा, हजारीबाग, कोडरमा, रामगढ़, खूंटी, गिरिडीह, धनबाद, बोकारो, गुमला आदि शामिल हैं। इन इलाकों में तेज झोंकेदार हवाएं के साथ वज्रपात की घटनाएं बढ़ सकती हैं।
संभावित नुकसान और सावधानियां
• फसलों पर असर: ओले गिरने से गेहूं, सब्जी, फल और अन्य खड़ी फसलों को भारी नुकसान हो सकता है।
• वज्रपात: खुले में काम करने वाले किसानों, मजदूरों को खास सतर्कता बरतनी होगी। पेड़ों के नीचे शरण न लें, मोबाइल और धातु की वस्तुओं से दूर रहें।
• तेज हवाएं: पेड़ उखड़ने, बिजली के खंभे गिरने, कमजोर छतों और झोपड़ियों को क्षति पहुंच सकती है। ढीली वस्तुएं उड़ने का खतरा रहेगा।
• यातायात प्रभावित: सड़कों पर पेड़ गिरने या पानी भरने से यातायात बाधित हो सकता है।
मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक, 7-8 अप्रैल को कुछ हिस्सों में मौसम की स्थिति और प्रभावित रह सकती है, लेकिन उसके बाद मौसम में सुधार की संभावना है।
किसानों को सलाह दी गई है कि ओलावृष्टि से बचाव के लिए फसलों पर उचित कवरिंग का इंतजाम करें। किसी भी आपात स्थिति में स्थानीय प्रशासन या आपदा प्रबंधन विभाग से संपर्क करें।