हजारीबाग, 5 अप्रैल: जिले के चौपारण प्रखंड में घरेलू एलपीजी गैस सिलेंडर की किल्लत और कालाबाजारी की लगातार शिकायतों के बाद जिला प्रशासन ने सख्त कार्रवाई की है। डीएसओ की टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर गैस एजेंसियों, गोदामों और संदिग्ध स्थानों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान कुल 18 खाली गैस सिलेंडर जब्त किए गए, जिससे पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया।
छापेमारी के दौरान बसरिया निवासी पिंटू सोनी के घर से 13 खाली सिलेंडर और चौपारण निवासी उमेश केशरी के घर से 5 खाली सिलेंडर बरामद किए गए। टीम को कई एजेंसियों में स्टॉक रजिस्टर, बुकिंग रिकॉर्ड और वितरण प्रक्रिया में गंभीर अनियमितताएं मिलीं। एजेंसी के बार-बार बंद रहने, लंबी कतारों और मनमानी वितरण की शिकायतें लंबे समय से आ रही थीं।
ईटीवी भारत ने इस मुद्दे को प्रमुखता से उठाया था, जिसके बाद प्रशासन ने तुरंत एक्शन लिया। उपभोक्ताओं ने आरोप लगाया था कि एचपी गैस एजेंसी 10 से 15 दिनों तक ऑफिस और गोदाम बंद रखती है, जिससे आम जनता को भारी परेशानी हो रही थी और कालाबाजारी को बढ़ावा मिल रहा था।
जिला प्रशासन ने साफ चेतावनी दी है कि गैस जैसी आवश्यक वस्तु की जमाखोरी और कालाबाजारी करने वालों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। डीएसओ ने कहा कि उपभोक्ताओं को नियमित और पारदर्शी तरीके से गैस सिलेंडर उपलब्ध कराने के लिए निरंतर निगरानी रखी जा रही है।
इस कार्रवाई से स्थानीय स्तर पर राहत की उम्मीद जताई जा रही है। प्रशासन ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे गैस सिलेंडर केवल अधिकृत एजेंसी से ही लें और किसी भी प्रकार की कालाबाजारी या ओवरचार्जिंग की शिकायत तुरंत जिला खाद्य एवं आपूर्ति विभाग या संबंधित हेल्पलाइन पर दर्ज कराएं।
यह कार्रवाई झारखंड के अन्य जिलों में भी चल रहे गैस कालाबाजारी विरोधी अभियान का हिस्सा है, जहां प्रशासन सख्ती बरत रहा है। आगे की जांच में और अनियमितताएं सामने आने की संभावना है।