रांची, 11 अप्रैल 2026: झारखंड के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण की तैयारियों में तेजी लाने के सख्त निर्देश दिए हैं। अप्रैल 2026 से शुरू होने वाले इस अभियान में राज्य की लगभग 2.65 करोड़ मतदाता सूची को पूरी तरह स्वच्छ और अद्यतन बनाने का लक्ष्य रखा गया है।
सीईओ रवि कुमार ने सभी जिलों के उप निर्वाचन पदाधिकारियों के साथ बैठक में कहा कि घर-घर सत्यापन, बीएलओ द्वारा डेटा वेरिफिकेशन और पैतृक/पारिवारिक मैपिंग को प्राथमिकता दी जाए। उन्होंने निर्देश दिया कि शहरी क्षेत्रों में मैपिंग कार्य में विशेष तेजी लाई जाए, ताकि कोई भी पात्र मतदाता सूची से वंचित न रहे।
अब तक राज्य में 70 प्रतिशत से अधिक पैतृक मैपिंग पूरी हो चुकी है। सिस्टम के माध्यम से डुप्लिकेट, मृत, स्थानांतरित और अनुपस्थित मतदाताओं की पहचान की जा रही है। लगभग 12 लाख नाम ASDD (Absent, Shifted, Dead, Duplicate) श्रेणी में चिह्नित किए गए हैं, जिन्हें सिस्टम से हटाने की प्रक्रिया चल रही है। डुप्लिकेट मतदाता पहचान पत्र को भी स्वतः हटाया जाएगा।
सीईओ ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि:
• मतदाताओं के घरों पर BLO की जानकारी वाले स्टीकर शीघ्र लगाए जाएं।
• BLO ऐप के माध्यम से फोटो सुधार और मैपिंग कार्य तेज किया जाए।
• राजनीतिक दलों के बूथ लेवल एजेंटों की नियुक्ति और प्रशिक्षण में तेजी लाई जाए।
• अन्य राज्यों से प्राप्त दस्तावेजों का सत्यापन तुरंत किया जाए।
इस अभियान के दौरान पात्र नए मतदाताओं के नाम जोड़े जाएंगे, जबकि अनुपयुक्त नाम हटाए जाएंगे। प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी रखने के लिए राजनीतिक दलों से भी सहयोग मांगा गया है।
मतदाता अपनी नामावली की स्थिति voters.eci.gov.in या ceo.jharkhand.gov.in पर चेक कर सकते हैं। किसी भी समस्या या सत्यापन के लिए हेल्पलाइन नंबर 1950 पर संपर्क करें या अपने क्षेत्र के BLO से मिलें।
चुनाव आयोग का मानना है कि यह विशेष पुनरीक्षण मतदाता सूची को त्रुटिरहित बनाकर लोकतंत्र को और मजबूत करेगा। अभियान लगभग तीन महीने में पूरा करने का लक्ष्य है।