रांची, 08 अप्रैल: झारखंड सरकार ने आगामी पंचायत चुनाव को लेकर साफ संकेत दे दिया है। ग्रामीण विकास, ग्रामीण कार्य एवं पंचायती राज मंत्री दीपिका पांडेय सिंह ने सोमवार को स्पष्ट किया कि राज्य में पंचायत चुनाव अगले वर्ष 2027 में अपने निर्धारित समय पर ही कराए जाएंगे। इन चुनावों में 27 प्रतिशत ओबीसी आरक्षण पूरी तरह लागू किया जाएगा और इसमें किसी भी प्रकार की देरी नहीं होगी।
मंत्री ने कहा, “हमारा संकल्प है- न देरी, न बाधा। पंचायत चुनाव पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से संपन्न होंगे।” उन्होंने बताया कि 27% ओबीसी आरक्षण को लेकर राज्य सरकार का प्रस्ताव केंद्र सरकार को भेज दिया गया है और सकारात्मक आश्वासन भी मिला है।
दीपिका पांडेय सिंह ने विभागीय अधिकारियों को सख्त निर्देश देते हुए कहा कि चुनाव से जुड़ी सभी तैयारियां समय पर पूरी की जाएं। ओबीसी आयोग और राज्य चुनाव आयोग को भी संबंधित प्रक्रियाएं शीघ्र निपटाने के निर्देश दिए गए हैं।
यह पहला मौका होगा जब झारखंड में पंचायत चुनाव 27% ओबीसी आरक्षण लागू करते हुए कराए जाएंगे। इससे पहले 2015-16 में हुए पंचायत चुनावों में यह आरक्षण नहीं था। लंबे समय से लंबित पंचायत चुनाव अब OBC समुदाय को उनके हक दिलाने के साथ संपन्न होंगे।
मंत्री ने पंचायतों को “गांव की असली सरकार” बताते हुए कहा कि समय पर चुनाव कराना लोकतंत्र की मजबूती के लिए जरूरी है। उन्होंने विभाग को सभी स्तर पर सक्रिय रहने और किसी भी प्रशासनिक या कानूनी अड़चन को दूर करने का निर्देश दिया।
हेमंत सोरेन सरकार OBC आरक्षण के साथ समय पर पंचायत चुनाव कराने पर मजबूती से अड़ी हुई है। मंत्री ने मीडिया से बातचीत में जोर देकर कहा कि तैयारियां पूरी गति से चल रही हैं और चुनाव सुचारू रूप से संपन्न होंगे।
यह फैसला OBC समुदाय में खुशी का माहौल पैदा कर रहा है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि 27% आरक्षण लागू होने से ग्रामीण राजनीति में नया संतुलन बन सकता है।