यरूशलम/वाशिंगटन, 24 मार्च 2026: इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से फोन पर बातचीत के बाद साफ कहा है कि ईरान और लेबनान में इजरायली हमले जारी रहेंगे। उन्होंने कहा, “ट्रंप का मानना है कि युद्ध के मैदान में हासिल बड़ी कामयाबियों को एक समझौते में बदला जा सकता है, जो हमारे महत्वपूर्ण हितों की रक्षा करेगा। लेकिन इसके साथ-साथ हम ईरान और लेबनान दोनों जगह हमले जारी रख रहे हैं। हम ईरान के मिसाइल और परमाणु कार्यक्रम को कुचल रहे हैं तथा हिजबुल्लाह को भारी झटके दे रहे हैं।”
नेतन्याहू ने सोमवार शाम को जारी एक वीडियो बयान में यह टिप्पणी की। यह बयान ऐसे समय में आया है जब अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने ईरान के साथ बातचीत की संभावना जताते हुए ईरान के पावर प्लांट्स पर हमलों को पांच दिन के लिए टाल दिया है। ट्रंप ने कहा कि तेहरान के साथ “उत्पादक बातचीत” हुई है और उन्होंने ईरान को हॉर्मुज जलडमरूमध्य खोलने के लिए अतिरिक्त समय दिया है।
हालांकि, इजरायल की ओर से कोई रुकावट नहीं दिख रही। नेतन्याहू ने जोर देकर कहा, “हम किसी भी स्थिति में अपने महत्वपूर्ण हितों की रक्षा करेंगे।” उन्होंने बताया कि हाल ही में दो और ईरानी परमाणु वैज्ञानिकों को मार गिराया गया है और आगे भी कार्रवाई होगी।
यह घटनाक्रम ईरान के साथ चल रहे तनावपूर्ण युद्ध के बीच आया है, जिसमें अमेरिका और इजरायल ने संयुक्त रूप से ईरान के परमाणु और मिसाइल ठिकानों पर बड़े पैमाने पर हमले किए हैं। ईरान ने भी जवाबी हमले किए हैं, जिसमें इजरायल के कुछ दक्षिणी शहरों को निशाना बनाया गया।
विश्लेषकों का कहना है कि ट्रंप शांतिपूर्ण समाधान की ओर झुक रहे हैं, लेकिन नेतन्याहू ईरान की परमाणु क्षमता को पूरी तरह नष्ट करने पर अड़े हुए हैं। दोनों नेताओं के बीच हुई बातचीत में ट्रंप ने इजरायल के हितों का सम्मान करने का आश्वासन दिया, लेकिन इजरायल ने स्पष्ट कर दिया कि वह तब तक हमले जारी रखेगा जब तक उसके लक्ष्य पूरे नहीं हो जाते।
स्थिति अभी भी तनावपूर्ण बनी हुई है और आगे की घटनाएं क्षेत्रीय सुरक्षा पर गहरा असर डाल सकती हैं।