पेट्रोल पंपों पर क्रेडिट सुविधा समाप्त, अब केवल कैश में मिलेगा ईंधन, झारखंड में ईंधन संकट गहराया

Spread the News

रांची, 20 मार्च 2026: वैश्विक स्तर पर मिडिल ईस्ट संकट के कारण क्रूड ऑयल की आपूर्ति प्रभावित होने से भारत की सरकारी तेल कंपनियों ने पेट्रोल पंप डीलर्स को दी जाने वाली क्रेडिट सुविधा तत्काल प्रभाव से बंद कर दी है। अब पंप संचालकों को ईंधन खरीदने के लिए केवल एडवांस कैश या तत्काल भुगतान करना होगा। यह फैसला पूरे देश में लागू है, जिसका सीधा असर झारखंड के हजारों पेट्रोल पंपों पर पड़ रहा है।

झारखंड पेट्रोलियम डीलर्स एसोसिएशन के अनुसार, पहले 3-5 दिनों की रिवॉल्विंग क्रेडिट सुविधा उपलब्ध थी, लेकिन अब ‘कैश एंड कैरी’ नीति लागू हो गई है। इससे डीलर्स को तुरंत बड़ी राशि जुटानी पड़ रही है, जिससे कई पंपों पर सप्लाई में व्यवधान की आशंका जताई जा रही है। एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने बताया कि राज्य सरकार पर करीब 80 करोड़ रुपये का बकाया है, जो स्थिति को और जटिल बना रहा है।

कई पेट्रोल पंपों पर तेल की आपूर्ति सीमित हो सकती है, क्योंकि डीलर्स के पास कैश फ्लो कम होने से कम मात्रा में ही तेल उठा पा रहे हैं। आम उपभोक्ताओं के लिए फिलहाल पेट्रोल-डीजल उपलब्ध है, लेकिन यदि स्थिति लंबी चली तो कुछ इलाकों में अस्थायी कमी या लंबी कतारें लग सकती हैं। सरकारी विभागों, निर्माण कंपनियों और बड़े ग्राहकों को भी अब कैश में ही ईंधन मिलेगा, जिससे उनके संचालन पर असर पड़ सकता है। ऑल इंडिया पेट्रोलियम डीलर्स एसोसिएशन ने इसे ‘chaotic situation’ करार देते हुए चेतावनी दी है कि इससे देशव्यापी स्तर पर व्यवधान आ सकता है।

तेल कंपनियां अपने कैश फ्लो को सुरक्षित रखने और बढ़ते क्रूड दामों के बीच नुकसान कम करने के लिए यह कदम उठा रही हैं। होर्मुज जलडमरूमध्य में व्यवधान से वैश्विक क्रूड सप्लाई प्रभावित हुई है, जिसके चलते कंपनियां क्रेडिट पर जोखिम नहीं लेना चाहतीं।

JPDA ने राज्य सरकार से बकाया राशि जल्द चुकाने और वैट में राहत देने की मांग की है। केंद्र सरकार ने स्पष्ट किया है कि पेट्रोल-डीजल की कोई कमी नहीं है, लेकिन पैनिक खरीदारी से बचने की सलाह दी है।