झारखंड सरकार का बड़ा फैसला: विधायकों-पूर्व विधायकों को 3 दिनों में मिलेगी जमीन की रजिस्ट्री

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रांची, 11 मार्च: झारखंड विधानसभा में लंबे समय से लंबित पड़ी विधायकों एवं पूर्व विधायकों की जमीन आवंटन की मांग पर सरकार ने तेज कार्रवाई का ऐलान किया है। संसदीय कार्य मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने सदन को भरोसा दिलाया कि अगले 3 दिनों के भीतर रजिस्ट्री के लिए पोर्टल खोल दिया जाएगा और जमीन की रजिस्ट्री पूरी कर दी जाएगी।

झामुमो विधायक मथुरा महतो ने सदन में यह मुद्दा जोरदार तरीके से उठाया। उन्होंने कहा कि विधायकों और पूर्व विधायकों से जमीन के बदले राशि पहले ही जमा करा ली गई है, लेकिन अब तक रजिस्ट्री नहीं हो पाई है। इससे विधायकों में रोष व्याप्त है।

इस पर अधिकृत भाजपा विधायक सीपी सिंह ने स्पष्ट किया कि जमा राशि सहकारी लिमिटेड के खाते में सुरक्षित है। उन्होंने रांची जिला प्रशासन की लापरवाही पर निशाना साधते हुए बताया कि रांची डीसी से बातचीत के बावजूद रजिस्ट्री पोर्टल नहीं खोला गया। सिंह ने याद दिलाया कि मुख्यमंत्री की मौजूदगी में उपायुक्त ने चालू सत्र में एक सप्ताह के भीतर पोर्टल खोलने का वादा किया था, लेकिन 20 दिन बीत जाने के बाद भी कोई प्रगति नहीं हुई।

संसदीय कार्य मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने हस्तक्षेप करते हुए तत्काल आश्वासन दिया कि 3 दिनों में पोर्टल चालू हो जाएगा और रजिस्ट्री की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। उन्होंने अधिकृत विधायक सीपी सिंह को इस कार्य को आगे बढ़ाने और जरूरी कदम उठाने का सुझाव दिया।

बताया जाता है कि राज्य सरकार ने ग्रेटर रांची क्षेत्र में विधायकों एवं पूर्व विधायकों के लिए विशेष जमीन चिह्नित की है। यह जमीन सोसाइटी एक्ट के तहत आवंटित की जा रही है। विधायकों का कहना है कि यह फैसला उनकी वर्षों पुरानी मांग को पूरा करने वाला महत्वपूर्ण कदम है, जिससे अब रजिस्ट्री में तेजी आएगी और लंबित प्रक्रिया पूरी होगी।

विधानसभा सत्र के दौरान सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों ने इस मुद्दे पर सहमति जताई। अब सभी की निगाहें अगले तीन दिनों में पोर्टल खुलने और रजिस्ट्री शुरू होने पर टिकी हुई हैं। यह कदम विधायकों के बीच सकारात्मक माहौल बनाने की दिशा में देखा जा रहा है।