रांची, 02 जनवरी 2026: झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है, जिसमें राज्य के वित्त रहित और सहायता प्राप्त इंटर कॉलेजों में नामांकन सीटों की संख्या बढ़ाने की सिफारिश की गई थी। इस महत्वपूर्ण फैसले से सत्र 2025-27 में निर्धारित सीटों से अधिक नामांकन लेने वाले करीब 50 हजार छात्र-छात्राओं को बड़ी राहत मिलेगी। अब इन छात्रों का झारखंड एकेडमिक काउंसिल में रजिस्ट्रेशन बिना किसी बाधा के हो सकेगा।
विभाग जल्द ही इस संबंध में औपचारिक आदेश जारी करेगा। आदेश जारी होने के बाद वित्त रहित इंटर कॉलेजों में विज्ञान और कला दोनों संकायों में अतिरिक्त सीटें स्वीकृत हो जाएंगी। सूत्रों के मुताबिक, विज्ञान की तुलना में कला संकाय में अधिक सीटें बढ़ाई जा सकती हैं।
ज्ञात हो कि सत्र 2025-27 के लिए राज्य के लगभग 40 वित्त रहित इंटर कॉलेजों ने निर्धारित सीमा (प्रति संकाय 128 सीटें) से अधिक नामांकन कर लिया था। कई संस्थानों में तो तीन से पांच गुना तक अतिरिक्त एडमिशन हो गए थे। कॉलेज प्रशासन ने जैक से अनुमति की उम्मीद में यह जोखिम उठाया था, लेकिन रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया 18 दिसंबर से शुरू होने के बावजूद अनुमति नहीं मिलने से हजारों छात्रों का भविष्य संकट में पड़ गया था।
जैक अध्यक्ष नटवा हांसदा ने बताया कि शिक्षा विभाग को छात्रों की पूरी रिपोर्ट पहले ही सौंपी जा चुकी थी। जिलों के जिला शिक्षा पदाधिकारियों ने भी सितंबर-अक्टूबर में कॉलेजों की भौतिक जांच पूरी कर आधारभूत सुविधाओं की पुष्टि की थी।
राज्य में कुल 195 स्वीकृत इंटर कॉलेज हैं। मुख्यमंत्री की इस मंजूरी से छात्रों की लंबित परेशानी दूर हो जाएगी और शिक्षा का अधिकार मजबूत होगा।