रिपोर्ट: संतोष कुमार (@santoshrmg)
रांची, 10 दिसंबर 2025: झारखंड पुलिस मुख्यालय ने मंगलवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए पुलिस इंस्पेक्टर गणेश सिंह को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। गणेश सिंह पूर्व डीजीपी अनुराग गुप्ता के कार्यकाल (जुलाई 2024-नवंबर 2025) में पुलिस मुख्यालय के NGO सेल के प्रभारी थे।
निलंबन का आधिकारिक कारण है कि उन्हें भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो हजारीबाग में स्थानांतरित किया गया था, लेकिन उन्होंने वहां योगदान नहीं दिया। पुलिस मुख्यालय के आदेश के अनुसार, यह सेवा नियमों का स्पष्ट उल्लंघन है। निलंबन अवधि में उन्हें केवल मूल वेतन का 50 प्रतिशत ही मिलेगा।
हालांकि इस कार्रवाई की पृष्ठभूमि गहरी है। नवंबर 2025 में ACB ने गणेश सिंह के खिलाफ प्रारंभिक जांच रिपोर्ट दर्ज की थी। उन पर गंभीर आरोप है कि अनुराग गुप्ता के डीजीपी रहते उन्होंने धनबाद क्षेत्र के कोयला कारोबारियों से मोटी रकम की अवैध वसूली की और इसके बल पर भारी चल-अचल संपत्ति अर्जित की। यह मामला फिलहाल झारखंड हाईकोर्ट में विचाराधीन है।
पूर्व डीजीपी अनुराग गुप्ता का कार्यकाल पहले से ही विवादों में रहा है। 2016 राज्यसभा चुनाव घोटाले में निलंबन, सेवा विस्तार पर केंद्र से विवाद और अंततः सुप्रीम कोर्ट याचिका के बाद इस्तीफे के बाद उनका नाम फिर सुर्खियों में है।
पुलिस महकमे के सूत्रों का कहना है कि यह निलंबन भ्रष्टाचार के खिलाफ चल रही मुहिम का हिस्सा है और ACB की जांच आगे भी जारी रहेगी।