रिपोर्ट: संतोष कुमार (@santoshrmg)
रांची, 27 नवंबर 2025: झारखंड बिजली वितरण निगम ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए बिजली दरों में भारी बढ़ोतरी का प्रस्ताव तैयार कर लिया है। निगम ने झारखंड राज्य विद्युत नियामक आयोग के समक्ष दाखिल याचिका में कुछ श्रेणियों में 50 प्रतिशत तक वृद्धि की मांग की है। यदि प्रस्ताव मंजूर हुआ तो घरेलू उपभोक्ताओं को प्रति यूनिट 10 रुपये तक चुकाने पड़ सकते हैं।
वर्तमान में शहरी घरेलू उपभोक्ता ₹6.85 और ग्रामीण ₹6.70 प्रति यूनिट की दर से बिजली ले रहे हैं। JBVNL ने ₹2.50 से ₹3 तक प्रति यूनिट बढ़ाने का प्रस्ताव दिया है। फिक्स्ड चार्ज में भी ₹100 से ₹450 तक की बढ़ोतरी प्रस्तावित है। निगम का दावा है कि बिजली खरीद, पारेषण और वितरण खर्च बढ़ने से 4,700 करोड़ रुपये से अधिक का राजस्व घाटा हो रहा है, जिसे पूरा करने के लिए यह कदम जरूरी है।
व्यावसायिक और औद्योगिक श्रेणी में भी 40-50 प्रतिशत तक बढ़ोतरी प्रस्तावित है। फेडरेशन ऑफ झारखंड चैंबर ऑफ कॉमर्स ने इसे “उद्योग-विरोधी” करार देते हुए कड़ा विरोध जताया है। आम उपभोक्ता भी महंगाई के इस नए झटके से चिंतित हैं।
JSERC मार्च 2026 से सार्वजनिक सुनवाई शुरू करेगा और जून 2026 तक अंतिम टैरिफ आदेश जारी कर सकता है। उपभोक्ता jserc.org पर आपत्ति दर्ज करा सकेंगे। विशेषज्ञों का कहना है कि पिछले साल मांगी गई 40% बढ़ोतरी को आयोग ने घटाकर 6.34% किया था; इस बार भी बढ़ोतरी कम हो सकती है, लेकिन आम आदमी की जेब पर बोझ बढ़ना तय माना जा रहा है।