रिपोर्ट: संतोष कुमार (@santoshrmg)
रांची, 20 नवंबर 2025: झारखंड में पाँच वर्षों से अटके शहरी स्थानीय निकाय चुनाव आखिरकार पटरी पर आ गए हैं। सुप्रीम कोर्ट के ट्रिपल टेस्ट मानक पूरा करते हुए राज्य सरकार ने बुधवार को शहरी क्षेत्रों में OBC की आधिकारिक जनसंख्या आँकड़े जारी कर दिए। इसके साथ ही 9 नगर निगम, 19 नगर परिषद और 20 नगर पंचायतों में कुल 1,800 से अधिक वार्डों में आरक्षण रोस्टर तैयार करने का कार्य शुरू हो गया है।
नगर विकास विभाग के अनुसार शहरी क्षेत्रों में OBC की कुल आबादी 4,35,961 है, जिसमें BC-1 (अत्यंत पिछड़ा) 2,84,534 और BC-2 (पिछड़ा) 1,51,427 हैं। शहरी मतदाताओं में OBC की हिस्सेदारी करीब 45.7% आँकी गई है। सामान्य वर्ग 34.82%, SC 11.24% और ST 8.24% है। कुल आरक्षण 50% की सीमा में ही रहेगा।
राज्य निर्वाचन आयोग अब वार्डवार आँकड़ों के आधार पर SC, ST, OBC और महिलाओं के लिए आरक्षण तय करेगा। आदित्यपुर, रांची, धनबाद, जमशेदपुर सहित सभी निकायों का विस्तृत डेटा वेबसाइट पर अपलोड कर दिया गया है।
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने इसे “पिछड़े वर्गों के लिए ऐतिहासिक न्याय” बताया, जबकि भाजपा ने देरी के लिए सरकार को घेरा। दिसंबर के पहले सप्ताह तक चुनाव अधिसूचना जारी होने की संभावना है। वर्ष 2020 के बाद पहली बार होने वाले इन चुनावों में OBC मतदाताओं की भूमिका निर्णायक रहेगी।